क्या आपका दिल कर रहा है कोलकाता की भीड़भाड़ और दार्जिलिंग की चढ़ाइयों से थोड़ा ब्रेक लेने का? अगर हां, तो आप बिल्कुल सही जगह पर आए हैं! पश्चिम बंगाल सिर्फ रोशोगोल्ला और ट्राम का शहर ही नहीं, बल्कि एक ऐसा राज्य है जो आपके लिए कई सरप्राइज छुपाए बैठा है। और आज हम आपको बताने जा रहे हैं उसकी सबसे प्यारी और अनदेखी सरप्राइज के बारे में – लतागुड़ी।
जी हां, लतागुड़ी! वो जगह जहां प्रकृति ने अपना सारा हरा-भरा पेंट बॉक्स उड़ेल दिया हो। अगर आपको लगता है कि आपने पश्चिम बंगाल का हर कोना देख लिया है, तो ये जगह आपकी सोच बदल देगी।
लतागुड़ी: जलपाईगुड़ी का वो छुपा हुआ खजाना
लतागुड़ी, पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले में बसा एक ऐसा पहाड़ी गाँव है, जो आज भी पर्यटकों की नज़रों से काफी हद तक ओझल है। इसे ‘लतगुरी’ के नाम से भी जाना जाता है। यह जगह उन सभी ट्रैवलर्स के लिए एकदम परफेक्ट है जो भीड़-भाड़ वाली जगहों से दूर, प्रकृति की गोद में कुछ शांत पल बिताना चाहते हैं।
लतागुड़ी कहाँ है और कैसे पहुँचें? (Location & Connectivity)
लतागुड़ी पहुँचना आसान है:
- कोलकाता से दूरी: लगभग 616 किलोमीटर
- सिलीगुड़ी से: सिर्फ 63 किलोमीटर (यहाँ से आप आसानी से टैक्सी या कार ले सकते हैं)
- नज़दीकी रेलवे स्टेशन: न्यू जलपाईगुड़ी रेलवे स्टेशन
- नज़दीकी एयरपोर्ट: बागडोगरा एयरपोर्ट
क्यों है लतागुड़ी इतना खास? (Why Lataguri is a Hidden Gem)
- भीड़ से दूर, अनंत शांति: अगर दार्जिलिंग की भीड़ आपको परेशान करती है, तो लतागुड़ी आपके लिए एकदम सही विकल्प है। यहाँ आपको वही नज़ारे मिलेंगे, बस बिना शोर-शराबे के।
- चाय बागानों का मनमोहक नज़ारा: यहाँ का खूबसूरत और हरा-भरा वातावरण आपको तरोताजा कर देगा। चारों तरफ फैले हरे-भरे चाय बागान आँखों को एक अलग ही सुकून देते हैं।
- वाइल्डलाइफ और एडवेंचर: लतागुड़ी, गोरुमारा नेशनल पार्क और बक्सा टाइगर रिजर्व के लिए एक गेटवे के रूप में काम करता है। यहाँ से आप जंगल सफारी का लुफ्त उठा सकते हैं।
- मौसम का जादू: मानसून में यह जगह हरियाली से लबालब हो जाती है और सर्दियों में कोहरे की एक मोटी चादर में लिपटी रहती है, जो इसे और भी ज्यादा रोमांटिक और रहस्यमय बना देती है।
लतागुड़ी में क्या-क्या करें? (Top Things to Do in Lataguri)

- गोरुमारा नेशनल पार्क की जीप सफारी का मजा लें और बाघ, गैंडे, हाथियों को देखने की कोशिश करें।
- चापरामारी वॉच टावर पर जाकर जंगल का मनोरम दृश्य देखें।
- जलदहाका नदी के किनारे समय बिताएँ, जो पक्षी प्रेमियों के लिए स्वर्ग है।
- आसपास के चाय बागानों की सैर करें और ताज़ी चाय की चुस्की लें।
- जयंती महाकाल गुफा जैसे रहस्यमय स्थानों को एक्सप्लोर करें।
लतागुड़ी जाने का सबसे अच्छा समय (Best Time to Visit)
लतागुड़ी जाने का सबसे आदर्श समय अक्टूबर से मार्च तक का है। इस दौरान मौसम सुहावना रहता है और जंगल सफारी का पूरा मजा मिलता है। मानसून (जून-सितंबर) में भारी बारिश होती है, जिससे यात्रा में दिक्कत हो सकती है।
तो अगली बार जब भी पश्चिम बंगाल जाने का प्लान बनाएँ, दार्जिलिंग-दीघा के अलावा इस छुपे हुए खजाने ‘लतागुड़ी’ को अपनी लिस्ट में जरूर शामिल करें!
पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
1. क्या लतागुड़ी परिवार और हनीमून के लिए अच्छी जगह है?
जी बिल्कुल! लतागुड़ी की शांति और प्राकृतिक सुंदरता इसे परिवार के साथ छुट्टियाँ मनाने और हनीमून के लिए एक आदर्श स्थान बनाती है। यहाँ का शांत वातावरण रोमांटिक पलों के लिए परफेक्ट है।
2. लतागुड़ी में ठहरने के लिए अच्छे होटल हैं?
हाँ, लतागुड़ी और इसके आसपास ठहरने के लिए विभिन्न बजट के कई अच्छे रिसॉर्ट्स, गेस्ट हाउस और जंगल कैंप उपलब्ध हैं। गोरुमारा नेशनल पार्क के गेट के पास कई रिसॉर्ट्स हैं जो जंगल का शानदार नज़ारा पेश करते हैं।
3. क्या लतागुड़ी में सर्दियों में ज्यादा ठंड पड़ती है?
लतागुड़ी में सर्दियों (विशेषकर दिसंबर-जनवरी) में काफी ठंड होती है और सुबह-शाम कोहरा छाया रहता है। इसलिए इस मौसम में जाते समय गर्म कपड़े जरूर साथ लेकर जाएँ।




